नमस्कार दोस्तों! बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के पताही प्रखंड में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की प्रगति को लेकर चिंता जताई जा रही है। प्रखंड में योजना का काम सिर्फ 8-9% ही पूरा हुआ है। बीडीओ उदय कुमार ने समीक्षा बैठक में कर्मचारियों को लापरवाही न बरतने की चेतावनी दी है। यह खबर जिले में योजना के धीमे क्रियान्वयन को दिखाती है।
यह समस्या सिर्फ पताही तक सीमित नहीं। कई प्रखंडों में समान हालात हैं। लेकिन पताही सबसे नीचे है। आइए, पूरी डिटेल्स देखते हैं।
पताही प्रखंड में क्या स्थिति है?
बीडीओ ने बैठक में कहा कि योजना का काम बहुत कम हुआ है। कर्मचारियों को तेजी लाने का निर्देश दिया गया है। लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रखंड में लाभार्थियों की पहचान और निर्माण कार्य रुका हुआ है। इससे वास्तविक जरूरतमंदों को देरी हो रही है।
क्यों हो रही देरी?
कई कारण हैं:
- कर्मचारियों की लापरवाही।
- लाभार्थी सूची में गड़बड़ी।
- निर्माण की निगरानी कम।
- कुछ जगहों पर अपात्रों के नाम।
बैठक में वास्तविक लाभार्थियों की पहचान पर जोर दिया गया है।
योजना की राष्ट्रीय स्थिति
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण पूरे देश में चल रही है। लाखों घर बन चुके हैं। लेकिन कुछ इलाकों में प्रगति धीमी है। बिहार में भी कई प्रखंड अच्छा कर रहे हैं। पताही जैसे मामलों में सुधार की जरूरत है।
लाभार्थी क्या करें?
अगर आपका नाम लिस्ट में है तो निर्माण शुरू करें। स्टेटस चेक करें pmayg.nic.in पर। शिकायत के लिए ब्लॉक ऑफिस या हेल्पलाइन यूज करें।
यह खबर योजना के बेहतर क्रियान्वयन की मांग करती है। उम्मीद है जल्द सुधार होगा।
क्या आपके इलाके में योजना की प्रगति अच्छी है? कमेंट्स में बताएं!